Q & A गोपियों की कौन-सी मन की बात मन में ही रह गई? May 2, 2023May 14, 2023 bk959529 508 Views 0 Comments गोपियों की कौन-सी मन की बात मन में ही रह गई?, निर्गुण ज्ञान के संदेश को सुनकर वे कुछ न कर पाईं। उनके वियोग से उत्पन्न पीड़ा संबंधी बात उनके मन में ही रह गई। Read More
Q & A ‘पुरइनि पात’ के माध्यम से कवि ने क्या कहा है? May 1, 2023May 14, 2023 bk959529 199 Views 0 Comments ‘पुरइनि पात’ के माध्यम कवि ने उन लोगों पर कटाक्ष किया है, ‘पुरइनि पात’ के माध्यम से कवि ने क्या कहा है? Read More
Q & A गोपियों ने ऊधो को क्या कहा है? May 1, 2023May 14, 2023 bk959529 228 Views 0 Comments गोपियाँ स्पष्ट कहती हैं कि वे कृष्ण के प्रति प्रेम-भाव से समर्पित हैं। वे किसी भी अवस्था में श्रीकृष्ण के प्रति प्रेम, गोपियों ने ऊधो को क्या कहा है? Read More
Q & A उद्धव को बड़भागी किस लिए कहा गया है ? May 1, 2023May 14, 2023 bk959529 303 Views 0 Comments उद्धव को बड़भागी किस लिए कहा गया है ?, उद्धव को बड़भागी व्यंग्य में कहा गया है वह श्रीकृष्ण के पास रहकर भी उनके प्रेम में नहीं डब पाया। Read More
Q & A इस पद में परोक्ष रूप से उद्धव को क्या समझाया गया है? May 1, 2023May 14, 2023 bk959529 175 Views 0 Comments इस पद में उद्धव को समझाया गया है कि वह ज्ञानवान है: नीतिवान है, इस पद में परोक्ष रूप से उद्धव को क्या समझाया गया है? Read More
Q & A उद्धव के मन में अनुराग नहीं है, फिर भी गोपियाँ उन्हें बड़भागी क्यों कहती हैं ? May 1, 2023May 14, 2023 bk959529 337 Views 0 Comments उद्धव के मन में अनुराग नहीं है फिर भी गोपियाँ उन्हें बड़भागी क्यों कहती हैं ?, श्रीकृष्ण के साथ रहकर भी उद्धव के मन में प्रेम-भाव नहीं है। Read More
Q & A अंतिम पंक्तियों में गोपियों ने स्वयं को ‘अबला’ और ‘भोरी’ क्यों कहा है ? May 1, 2023May 14, 2023 bk959529 518 Views 0 Comments अंतिम पंक्तियों में गोपियों ने स्वयं को ‘अबला’ और ‘भोरी’ क्यों कहा है ?, गोपियों ने स्वयं को ‘भोरी’ कहा है। वे छल-कपट और चतुराई से दूर थीं Read More
Q & A ‘गुर चींटी ज्यौं पागी’ के माध्यम से श्रीकृष्ण के प्रति गोपियों के प्रेम को प्रतिपादित कीजिए। May 1, 2023May 14, 2023 bk959529 283 Views 0 Comments ‘गुर चींटी ज्यौं पागी’ के माध्यम से श्रीकृष्ण के प्रति गोपियों के प्रेम को प्रतिपादित कीजिए।, गोपियों का श्रीकृष्ण के प्रति प्रेम भरा मन चाहकर भी कहीं और नहीं टिकता। Read More
Q & A पद में निहित गेयता का आधार स्पष्ट कीजिए। May 1, 2023May 14, 2023 bk959529 131 Views 0 Comments पद में निहित गेयता का आधार स्पष्ट कीजिए।, सूरदास के द्वारा रचित पद ‘राग मलार’ पर आधारित है। इसमें स्वर-मैत्री का सफल प्रयोग और ब्रज–भाषा Read More
Q & A सूरदास ने किन दृष्टांतों से उद्धव की अनासक्ति को प्रकट किया है ? May 1, 2023May 14, 2023 bk959529 306 Views 0 Comments सूरदास ने उद्धव को अनासक्त और श्रीकृष्ण के प्रति भक्तिभाव से सर्वथा मुक्त माना है। सूरदास कहते हैं, सूरदास ने किन दृष्टांतों से उद्धव की अनासक्ति को प्रकट किया है ? Read More